बाँध लूं दिल को…



अपने आँचल से बाँध लूं दिल को,
कहीं तेरे ख्यालों के साथ उड़ न जाये,
थाम लूँ हाथ इसका कसकर,
कहीं तेरी यादों में राह से मुड़ न जाये।

समझाउंगी इसे प्यार से,
बहलाउंगी अलग-अलग अंदाज़ से,
अपन गले से लगाकर रखूंगी इसे,
कहीं तेरे दिल से फिर न जुड़ जाये।


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